रांची- झारखंड सीआईडी की साइबर क्राइम ब्रांच टीम ने उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर में छापेमारी कर 8:52 करोड रुपए की ठगी करने में शामिल साइबर अपराधी को गिरफ्तार किया है. साइबर अपराधियों ने ट्रेडिंग के धंधे में दोगना मुनाफा देने का लालच देकर पीड़ित को ठगी का शिकार बनाया था.
सीआईडी के साइबर क्राइम ब्रांच के द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार साइबर अपराधियों ने शख्स को वाट्सएप के माध्यम से फॉरेक्स ट्रेडिंग में अधिक लाभ का प्रलोभन देकर फस्प्रो ग्रुप पी नाम के वाट्सएप ग्रुप में जोड़ा था.
साथ ही विभिन्न तिथियों में FXPROGROUP-ec. नामक Website के माध्यम से अलग-अलग बैंक खाताओं में निवेश के नाम पर पैसे जमा करवाये गये.
- Advertisement -
विज्ञापन बॉक्स (विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें)
शुरुआत में फर्जी लाभ दिखाकर साइबर अपराधी ने शख्स को अपने भरोसे में ले लिया. लेकिन धीरे-धीरे साइबर अपराधियों ने उससे 8.52 करोड़ की ठगी कर डाली. जांच में यह बात सामने आई की वो प्लेटफॉर्म फर्जी एवं साइबर ठगी का मध्यम था, जिसके द्वारा वादी से कुल लगभग ₹8.52 करोड़ की धोखाधड़ी की गई.
इस मामले में अपराध अनुसंधान विभाग, झारखंड रांची अंतर्गत साइबर क्राइम थाना कांड संख्या 27/26 दिनांक 10.03.2020 70 वादी द्वारा दिए गये लिखित आवेदन के आधार पर काण्ड दर्ज किया गया.
सीआईडी के साइबर क्राइम ब्रांच के अनुसार उस कांड में अनुसंधान के क्रम में संलिप्तता के बिंदु पर अनुसंधान करते हुए वारदात में संलिप्त एक साइबर अपराधी को मिर्जापुर, उत्तर प्रदेश से मिर्जापुर पुलिस के सहयोग से गिरफ्तार किया गया.
- Advertisement -
विज्ञापन बॉक्स (विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें)
गिरफ्तार साइबर अपराधी का नाम बृजेश सिंह है. इसके पास से कांड से संबंधित मोबाइल फोन, सिम कार्ड, डेबिट कार्ड और चेक बुक बरामद किया गया है.








