लातेहार- झारखण्ड में लगातार बारिश हो रही है. लगातार बारिश के कारण जीवन अस्त-व्यस्त हो रहा है वहीं, भारी बारिश के कारण लातेहार सदर प्रखंड की तरवाडीह पंचायत में स्थित गुरगु गांव का बरबांध टूट गया है. इससे 100 एकड़ से ज्यादा जमीन पर लगी धान की फसल और खेत बर्बाद हो गए.
गुरगु गांव का बरबांध स्थानीय किसानों के लिए सिंचाई का एक अहम साधन था, जिससे इसके नीचे स्थित सैकड़ों एकड़ खेतों को पानी मिलता था. रविवार देर रात हुई मूसलाधार बारिश के बाद बांध में पानी का दबाव बहुत बढ़ गया, जिससे बांध का एक हिस्सा ध्वस्त हो गया.
इसके बाद देखते ही देखते बांध के पानी के साथ बहकर आए बालू ने खेतों में लगी फसल को पूरी तरह बर्बाद कर दिया. बांध टूटने के बाद पानी का बहाव इतना तेज था कि दो किलोमीटर दूर तक के खेतों में बालू जमा हो गया, जिससे किसानों को भारी नुकसान हुआ.
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किसानों का कहना है कि ग्रामीण साल भर रबी और खरीफ दोनों फसलें उगाने के लिए इसी बांध पर निर्भर थे. लेकिन बांध के टूटने से न सिर्फ उनकी खरीफ की फसलें बर्बाद हुईं, बल्कि खेत भी खराब हो गए.
उन्होंने बताया कि खेतों में अब बालू भर गया है, जिससे अब खेती करना मुश्किल लग रहा है. इस अचानक आई आपदा ने किसानों की कमर तोड़ दी है.
इधर बांध टूटने की सूचना मिलने के बाद सदर प्रखंड के उप प्रमुख राजकुमार प्रसाद गांव पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया. यहां के हालात देखकर वह हतप्रभ रह गए.
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उप प्रमुख ने बताया कि बांध टूटने से जैसी स्थिति बनी हुई है, उससे स्पष्ट है कि कम से कम 100 एकड़ भूमि में लगी धान की फसल नष्ट हो गयी है.
उन्होंने कहा कि मामले की सूचना प्रशासनिक अधिकारियों तक पहुंचाई जा रही है. जल्द ही किसानों को नुकसान से संबंधित मुआवजा दिलवाने का प्रयास किया जाएगा.








