पटना- बिहार के कई जिलों में शुक्रवार की सुबह अचानक जेलों में बड़े पैमाने पर छापेमारी और निरीक्षण अभियान चलाया गया. प्रशासन की इस संयुक्त कार्रवाई ने जेल परिसरों में हलचल मचा दी. कहीं घंटों सर्च ऑपरेशन चला तो कहीं संदिग्ध सामान भी बरामद हुआ.
भागलपुर के शहीद जुब्बा सहनी केंद्रीय कारा में जिलाधिकारी और पुलिस प्रशासन की टीम ने संयुक्त निरीक्षण किया. डीएम और एसएसपी स्तर के अधिकारियों ने जेल की सुरक्षा, साफ-सफाई, बंदियों की सुविधाओं और विधि-व्यवस्था का बारीकी से आकलन किया.
डीएम एसपी के नेतृत्व में मंडल कारा हाजीपुर में हाई लेवल औचक निरीक्षण किया गया. इस दौरान अनुमंडल पदाधिकारी, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (सदर) पुलिस उपाधीक्षक सहित कई प्रशासनिक व पुलिस अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौजूद रहे.
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निरीक्षण के दौरान कारा के सभी वार्डों, बैरकों एवं सुरक्षा व्यवस्था की गहन जांच की गई. अधिकारियों ने बंदियों की निगरानी, सुरक्षा इंतजाम और कारा प्रशासन के कार्यों का बारीकी से मूल्यांकन किया. जांच के बाद कारा परिसर से किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक सामग्री बरामद नहीं हुई.
मोतिहारी सेंट्रल जेल में डीएम और एसपी के नेतृत्व में सघन तलाशी अभियान चलाया गया. सभी वार्डों की जांच की गई. यहां कोई भी आपत्तिजनक सामान नहीं मिला. अधिकारियों का कहना है कि जेल के अंदर कैदियों की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा रही है और ऐसे अभियान आगे भी जारी रहेंगे.
बेतिया के मंडल कारा में देर रात औचक छापेमारी की गई. डीएम और एसपी के नेतृत्व में पहुंचे अधिकारियों ने जेल परिसर के हर हिस्से की जांच की. निरीक्षण के बाद कारा प्रशासन को कई अहम निर्देश दिए गए, ताकि सुरक्षा में कोई चूक न हो.
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मुजफ्फरपुर के शहीद खुदीराम बोस केंद्रीय कारा में सबसे बड़ा ऑपरेशन देखने को मिला. एसएसपी के नेतृत्व में करीब 200 जवानों ने चार घंटे तक जेल के चप्पे-चप्पे की तलाशी ली. इतनी बड़ी कार्रवाई के बावजूद यहां भी कोई संदिग्ध या आपत्तिजनक वस्तु बरामद नहीं हुई.
सीतामढ़ी जेल में छापेमारी के दौरान प्रशासन को एक वार्ड से संदिग्ध कागजात मिला, जिसमें मोबाइल नंबर और आपत्तिजनक बातें दर्ज थीं. इसके बाद प्रशासन और सतर्क हो गया है. अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि कुख्यात अपराधियों को अब केंद्रीय कारा में शिफ्ट किया जा सकता है.
औरंगाबाद मंडल कारा की छापेमारी में पिलास, पेचकस और लोहे के टुकड़े जैसे सामान बरामद हुए. यह सामग्री सुरक्षा के लिहाज से बेहद गंभीर मानी जा रही है, प्रशासन ने तुरंत इन्हें जब्त कर जांच के आदेश दिए और कारा प्रशासन को सख्त चेतावनी दी.








