गया- केंद्रीय मंत्री और हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (हम) के राष्ट्रीय संरक्षक जीतन राम मांझी ने बड़ा बयान सामने आया है. जीतन राम मांझी ने साफ कर दिया है कि अगर एनडीए में उनकी पार्टी को 15 से 20 सीटें नहीं मिलीं, तो वे अकेले 100 सीटों पर चुनाव लड़ने का विकल्प चुन सकते हैं. मांझी को अपनी पार्टी के भविष्य को लेकर गहरा डर सता रहा है.
एनडीए के घटक दलों को खुली चुनौती देते हुए मांझी ने साफ कहा कि वे सहयोगी दल हैं, लेकिन सहयोगी के रूप में पूरा सम्मान मिलने की जरूरत है. यदि सीट बंटवारे में उनकी मांग नहीं मानी गई तो गठबंधन टूटने की आशंका भी बढ़ गई है.
मांझी ने जोर देते हुए कहा कि उनकी मांग जायज है क्योंकि पार्टी को विधानसभा में मान्यता के लिए कम से कम 8 सीटें जीतनी होंगी या कुल वोट प्रतिशत 6 प्रतिशत तक पहुंचाना होगा.
- Advertisement -
विज्ञापन बॉक्स (विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें)
15 से 20 सीटों की यह मांग पार्टी को मजबूती देने के लिए जरूरी है, ताकि अगली विधानसभा में पार्टी की स्थिति मजबूत रहे. मांझी ने स्पष्ट किया कि यदि एनडीए में उचित सम्मान नहीं मिला तो उनकी पार्टी 50 से 100 सीटों पर चुनाव लड़ने का विकल्प रखती है.








