पटना- बड़ी खबर पटना से आ रही है जो राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग से जुड़ी हुई है। संविदा शर्तों का उल्लंघन करने पर 110 विशेष सर्वेक्षण अमीन, विशेष सर्वेक्षण, कानूनगो, विशेष सर्वेक्षण सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी एवं विशेष सर्वेक्षण लिपिक को बर्खास्त कर दिया गया है। इन पर हड़ताल भड़काने और राजस्व महा-अभियान में बाधा डालने का आरोप लगा है।
बता दें कि अपनी मांगों को लेकर पिछले कई दिनों पटना के गर्दनीबाग धरनास्थल में नियोजित दस हजार से ज्यादा कर्मी आंदोलन पर हैं। इनके हड़ताल पर चले जाने से राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग द्वारा चलाए जा रहे राजस्व महा-अभियान अभियान प्रभावित हो रहा है।
लिहाजा विभाग ने 110 विशेष सर्वेक्षण अमीन, विशेष सर्वेक्षण कानूनगो, विशेष सर्वेक्षण सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी एवं विशेष सर्वेक्षण लिपिक की संविदा सेवा तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी है।
- Advertisement -
विज्ञापन बॉक्स (विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें)
इनमें तथाकथित संघ की अध्यक्ष रौशन आरा और सचिव विभूति कुमार के नाम प्रमुख रूप से शामिल हैं। उपरोक्त दोनों के खिलाफ उनके जिले के बंदोबस्त पदाधिकारी से प्राप्त प्रतिवेदन के आलोक में कार्रवाई की गई है।
विभाग ने स्पष्ट किया कि सभी संविदा विशेष सर्वेक्षण अमीन, विशेष सर्वेक्षण कानूनगो, विशेष सर्वेक्षण सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी एवं विशेष सर्वेक्षण लिपिक की नियुक्ति संविदा नियमावली 2019 एवं संशोधित नियमावली 2022 के तहत हुई थी।
नियमों के मुताबिक यह सेवा किसी भी परिस्थिति में नियमित नियुक्ति में परिवर्तित नहीं होगी। इसके बावजूद पदनाम बदलने, नियमितीकरण और समतुल्य वेतनमान जैसी अनुचित मांगों को लेकर हड़ताल पर जाना शपथपत्र और संविदा शर्तों का खुला उल्लंघन है।
- Advertisement -
विज्ञापन बॉक्स (विज्ञापन देने के लिए संपर्क करें)








