पटना- शंभू हॉस्टल में नीट परीक्षा की तैयारी कर रही छात्रा की मौत मामले में शुक्रवार को एसआईटी का गठन किया गया. आईजी जितेंद्र राणा को एसआईटी का प्रमुख बनाया गया है.
शनिवार को पहले दिन जितेंद्र राणा दलबल के साथ शंभू गर्ल्स हॉस्टल पहुंचे. यहां उन्होंने हर बिंदुओं पर छानबीन की. उनके साथ पटना पूर्वी एसपी भी मौजूद थे.
हालांकि पटना पुलिस ने इस मामले में शंभू गर्ल्स हॉस्टल के मकान मालिक मनीष कुमार रंजन को पहले ही गिरफ्तार कर लिया है. इस घटना में विपक्ष सरकार को लगातार घेर रहा है जिसको देखते हुए एसआईटी का गठन किया गया है.
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इस पूरे मामले में जांच के लिए पहुंचे एक अधिकारी ने मीडिया से कहा कि एसआईटी के द्वारा घटनास्थल का मुआयना किया गया है. जो भी जांच के बिंदु हैं उस पर जांच की जा रही है. बाकी जो अभी तक जांच हुई है उसकी समीक्षा की जाएगी.
एडीजी (कमजोर वर्ग) ने भी मुआयना किया है. जांच अधिकारी ने कहा कि पुलिस मुख्यालय और सरकार के द्वारा मामले को गंभीरता से लिया गया है. एसआईटी का प्रयास है कि जल्द से जल्द मामले का उद्भेदन हो.
बता दें कि परिजनों के मुताबिक नीट की छात्रा को हॉस्टल में बेहोशी की हालत में पाया गया था. इसके बाद छात्रा को इलाज के लिए पास के क्लिनिक ले जाया गया था, जहां से डॉक्टर ने बेहतर इलाज के लिए रेफर किया था.
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स्थिति गंभीर होने के बाद छात्रा को एक दूसरे प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां 11 जनवरी को उसकी मौत हो गई. परिवार वालों ने छात्रा के साथ सामूहिक दुष्कर्म के बाद हत्या का आरोप लगाया है.
आरोप है कि गैंगरेप की बात उजागर न हो इसके लिए गलत इंजेक्शन लगाकर लड़की को खामोश कर दिया गया. हॉस्टल की आड़ में गलत धंधा हो रहा था. परिजन चाहते हैं कि मामले की जांच सीबीआई से हो.








